संत की पहचान क्या? जो जंगल में रहे? परिवार न बसाए?
तो ये राजा जनक, राजा दशरथ, प्रह्लाद, ध्रुव, अम्बरीश आदि राजा आज होते तो हम उनको संत कैसे मानते?
उधर तुलसी, सूर, कबीर, नानक, मीरा, रविदास, तुकाराम आदि गृहस्थ संत आज होते तो उनको भी हम संत न मानते....
और तो और अयोध्या के राजमहल में राम को देखकर और द्वारिका के शानदार महल में कृष्ण को देखकर उनको भगवान् न मानते....
इन सबको जंगल में भेज देने की कामना रखते....
यह हमारी बुद्धि की क्षमता है.....
सनातन संस्कृति संघ/भारत स्वाभिमान दल
भारत के परमवैभव हेतु समर्पित। राष्ट्रीय अध्यक्ष - राष्ट्रीय सनातन पार्टी
सोमवार, 21 नवंबर 2016
संत की पहचान क्या ?
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