शनिवार, 30 अप्रैल 2016

इस देश में सबसे आसान है हिन्दूओं का उत्पीड़न करना

हमें आशा थी कि प्रगतिशील जोशीली नायिका तृप्ती देसाई हाजी अली की दरगाह में महिलाओं के प्रवेश न होने देने की लड़ाई को जामा मस्जिद में अजान देने के लिए महिलाओं की नियुक्ति कराने तक लेकर जाएगी लेकिन यह तो मुम्बई में ही फूस्स हो गई। अब हिन्दू भावनाओं को आहत कर प्रचार पाने के लिए नया मंदिर तलाश रही है।
इस देश में सबसे आसान है हिन्दूओं का उत्पीड़न करना। उसके मंदिरों, देवी देवताओं के संबंध में आप जो चाहे कह सकते हैं। मोहम्मद और ईसा के संबंध में तथ्यात्मक बात करते हुए भी उन्हीं प्रगतिशील प्रोफेसरों की जुबान को लकवा मार जाता है, जो देवी देवताओं के काल्पनिक अश्लील प्रसंग की कहानी कॉलेज में अपने छात्र- छात्राओं को सुनाने में भी नहीं शर्माते।

-विश्वजीत सिंह अनन्त
राष्ट्रीय अध्यक्ष
भारत स्वाभिमान दल
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वन्दे मातरम्

1 टिप्पणी:

  1. यह पॅरासायटिक एक्टिविटि है। जिस शरीर में रहते है उसे तंदुरुस्त रखने के बजाय कुतर कुतर के खा कर खोखला बनाना ही जानते है। ये समाज के सभी वर्गों में पाए जाते हैं और जो महान सामाजिक रोगी हैं वे ही इन्हें फैलाते हैं।

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